भ्रष्टाचार की शिकायत के बाद भी नहीं हो रही कार्यवाही,ऐसे में शासन भ्रष्टाचार पर कैसे लगा पायेगी अंकुश:SDM पथरिया कार्यालय का मामला
मुंगेली/पथरिया- जिले में पशु आश्रय स्थल निर्माण के नाम पर लाखों खर्च किया गया है। परंतु पशु आश्रय स्थल का उपयोग पूर्ववर्ती कांग्रेस के शासनकाल में हो सका और न वर्तमान बीजेपी शासनकाल में हो रहा है। लेकिन उक्त योजना के नाम पर लाखों रूपये यूं ही खर्च कर दिए गए। जिले में देखा जाए तो अधिकतर ग्राम पंचायतों में पशु आश्रय का निर्माण कराया गया है। जिनमें से गिनेचुने ही स्थलों का उपयोग मंशानुरूप किया जा रहा है। बांकी केवल अधिकारी कर्मचारी व सरपंच सचिव के लिए पैसे कमाने का जरिया बना हुआ है।
हाल ही देखा जाए तो जिले जनपद पंचायत पथरिया अंतर्गत ग्राम पंचायत तरकीडीह के आश्रीत ग्राम परसाकापा में बने पशु आश्रय स्थल अन्य निर्माण को लेकर शिकायत कलेक्टर जनदर्शन में किया गया था। जिस आधार पर पथरिया SDM द्वारा जांच टीम गठित की गई। जहाँ जांच के दौरान विभिन्न कार्य अधुरे व स्तरहीन मिले। जांच के दौरान SDM पथरिया द्वारा संबंधित सरपंच सचिव को जवाब पेश करने नोटिस जारी किया गया। परंतु उक्त भ्रष्टाचार में संलिप्त अधिकारी कर्मचारी के खिलाफ किसी तरह की कोई कार्यवाही नहीं की गई। नतीजतन आज भी उक्त पशु आश्रय स्थल अधुरा व स्तरहीन है। जिसे लेकर 04 नवंबर 2024 को SDM कार्यालय पथरिया से लिखित शिकायत की गई है,इस संबंध में SDM साहब जांच करने की बात कह रहें हैं,जबकि उक्त कार्य को लेकर जांच टीम द्वारा पहले ही जांच रिपोर्ट सौंप दी गई थी। जिससे फिर जांच कराने की बात कहना समझ से परेय है। फिलहाल मामला लंबित है अब देखना होगा कि संबंधित अधिकारी इस पर किस तरह की कार्यवाही करते हैं।
उक्त योजना को लेकर जिलेभर में सही तरिके से जांच की जाए तो भ्रष्टाचार के बड़े मामले उजागर हो सकते हैं। फिलहाल हमारी टीम ऐसे पंचायतों का डेटा खंगालकर संबंधित अधिकारियों को अवगत करा रही है। ताकि खुलकर हो रहे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाई जा सके।













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